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भोपाल। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन, भोपाल द्वारा प्राप्त शिकायतों तथा खाद्य सुरक्षा मानकों के अनुपालन की जांच

56 भोग की शिकायत पर एक घंटे में पहुंची टीम प्रतिष्ठान से बेसन बर्फी, केक, पापड़ और क्रीम रोल के नमूने भी जांच के लिए

कोरबा, 28 सितंबर 2026। बलगी नगर स्थित शिव काली मंदिर में स्वर्गीय गिरवर सिंह बिसेन की पुण्य स्मृति एवं स्वर्गीय हनुमान

भोपाल। शासकीय गीतांजलि कन्या स्वशासी स्नातकोत्तर महाविद्यालय, भोपाल में

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: पैतृक संपत्ति और विरासत में मिली संपत्ति में क्या अंतर है ? हिंदू कानून के तहत परिवार के सदस्यों के अधिकारों को निर्धारित करने में यह अंतर महत्वपूर्ण है।

Admin

Fri, Dec 27, 2024
--------------------------- *पैतृक संपत्ति और विरासत में मिली संपत्ति में क्या अंतर है?* हिंदू कानून के तहत परिवार के सदस्यों के अधिकारों को निर्धारित करने में यह अंतर महत्वपूर्ण है। *1. पैतृक संपत्ति* – चार पीढ़ियों से पुरुष वंश के माध्यम से अविभाजित संपत्ति के रूप में परिभाषित। – कानूनी उत्तराधिकारियों, जिन्हें सहदायिक कहा जाता है, को जन्म से ऐसी संपत्ति पर अंतर्निहित अधिकार होता है। – सभी सहदायिकों की सहमति के बिना संपत्ति को बेचा या अलग नहीं किया जा सकता। *2. विरासत में मिली संपत्ति* – मालिक की मृत्यु के बाद वसीयत, समझौते या विरासत के माध्यम से अर्जित संपत्ति को संदर्भित करता है। – उत्तराधिकारी के पास इसके उपयोग या बिक्री पर पूर्ण स्वामित्व और विवेकाधिकार होता है। – यह स्वचालित रूप से वंशजों को नहीं मिलती है और हिंदू उत्तराधिकार अधिनियम, 1956 द्वारा शासित होती है।

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