"खाद्य सुरक्षा सिर्फ सरकार की जिम्मेदारी नहीं, : विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस: सुरक्षित भोजन, स्वस्थ जीवन की आधारशिला
Ashwani Kumar Sinha
Sat, Jun 7, 2025
विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस: सुरक्षित भोजन, स्वस्थ जीवन की आधारशिला
भोपाल, 7 जून 2025 – हर वर्ष 7 जून को विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस के रूप में मनाया जाता है, जिसका उद्देश्य है – जनसामान्य में खाद्य सुरक्षा के प्रति जागरूकता फैलाना और यह सुनिश्चित करना कि हर व्यक्ति को सुरक्षित, स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन मिले।
🌍 विश्व खाद्य सुरक्षा दिवस क्यों मनाया जाता है?
संयुक्त राष्ट्र संघ (UN) और विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) द्वारा यह दिवस पहली बार वर्ष 2019 में घोषित किया गया था। इसका उद्देश्य वैश्विक स्तर पर भोजन से जुड़ी बीमारियों को रोकना और खाद्य श्रृंखला में स्वच्छता एवं गुणवत्ता के मानकों को सुनिश्चित करना है।
वर्ष 2025 की थीम:
> “Food Safety: Prepare for the Unexpected”
अर्थात् – "खाद्य सुरक्षा: अनपेक्षित स्थितियों के लिए तैयार रहें" – यह थीम प्राकृतिक आपदाओं, युद्ध, जलवायु परिवर्तन या महामारी जैसी स्थितियों में भी सुरक्षित भोजन की आवश्यकता को रेखांकित करती है।
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🛡️ खाद्य सुरक्षा क्यों ज़रूरी है?
WHO के अनुसार, हर साल लगभग 60 करोड़ लोग असुरक्षित भोजन के कारण बीमार पड़ते हैं।
दूषित खाद्य पदार्थों से डायरिया, टाइफाइड, हैजा, हेपेटाइटिस-ए, फूड प्वाइजनिंग जैसी बीमारियाँ फैलती हैं।
बच्चों, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों पर इसका प्रभाव अधिक गंभीर होता है।
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🧾 जनता को इससे क्या लाभ?
1. स्वास्थ्य सुरक्षा:
जागरूकता के ज़रिये लोग मिलावटी, बासी या दूषित भोजन से बचाव करना सीखते हैं।
2. खरीदने की समझ:
लोग FSSAI (भारतीय खाद्य सुरक्षा और मानक प्राधिकरण) द्वारा अनुमोदित खाद्य उत्पादों को पहचानने लगते हैं।
3. विक्रेताओं पर निगरानी:
उपभोक्ता जब जागरूक होता है, तो दुकानदार एवं होटल संचालक भी स्वच्छता और गुणवत्ता का ध्यान रखते हैं।
4. कानूनी संरक्षण:
कोई भी उपभोक्ता खराब या मिलावटी खाद्य मिलने पर खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2006 के तहत शिकायत कर सकता है।
5. शुद्ध के लिए युद्ध:
प्रशासन और खाद्य सुरक्षा अधिकारी समय-समय पर छापे, जांच और जागरूकता अभियान चलाते हैं जिनमें जनता को भी भागीदारी का अवसर मिलता है।
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🏛️ भारत में खाद्य सुरक्षा को लेकर क्या हो रहा है?
FSSAI और राज्य खाद्य सुरक्षा विभाग नियमित रूप से मोबाइल फूड टेस्टिंग लैब, नमूना संग्रह, फूड इंस्पेक्शन जैसी गतिविधियाँ कर रहे हैं।
भोपाल जैसे शहरों में हाल ही में चौपाटियों, होटलों, डेयरी प्रतिष्ठानों पर जांच अभियान चलाया गया और संदिग्ध वस्तुओं के नमूने लिए गए।
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📢 जनता से अपील
स्वस्थ जीवन के लिए साफ पानी, स्वच्छ हवा और सुरक्षित भोजन सबसे जरूरी है। इसलिए हर नागरिक को चाहिए कि वह:
सिर्फ पैक्ड और लेबलयुक्त खाद्य सामग्री ही खरीदे,
खाद्य विक्रेताओं से बिल मांगे,
फूड सेफ्टी हेल्पलाइन पर शिकायत दर्ज कराए यदि कोई संदिग्ध खाद्य वस्तु मिले।
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"खाद्य सुरक्षा सिर्फ सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि हर उपभोक्ता की भागीदारी से ही यह संभव है।"
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